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कलेक्टर नारायन की अध्यक्षता में ग्रामीण विकास विभाग की समीक्षा बैठक

छिन्दवाड़ा दबंग इंडिया/ छिंदवाड़ा आज कलेक्टर हरेंद्र नारायन की अध्यक्षता में कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में ग्रामीण विकास विभाग की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

बैठक में सांसद एवं विधायक निधि से स्वीकृत निर्माण कार्यों, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), मनरेगा, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना, स्वच्छ भारत मिशन सहित ग्रामीण विकास से जुड़ी प्रमुख योजनाओं की प्रगति की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई।

बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अग्रिम कुमार, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के कार्यपालन यंत्री, सभी जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, सहायक यंत्री, जिला पंचायत की विभिन्न शाखाओं के परियोजना अधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

   कलेक्टर  नारायन ने समीक्षा के दौरान सभी योजनाओं में लक्ष्य के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन की योजनाओं का वास्तविक लाभ पात्र हितग्राहियों तक समय-सीमा में पहुँचना चाहिए, इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

   प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना की समीक्षा करते हुए कलेक्टर  नारायन ने आवास प्लस 2024-25 के अंतर्गत स्वीकृत आवासों का निर्माण शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि जिन हितग्राहियों के आवास अधूरे हैं, उनकी नियमित मॉनिटरिंग कर कार्य में तेजी लाई जाए तथा किसी भी प्रकार की तकनीकी या प्रशासनिक बाधा का तत्काल समाधान किया जाए।

  राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत तामिया विकासखंड में चल रहे मुर्गी शेड निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर नारायन ने शेष हितग्राहियों को तुरंत प्रशिक्षण उपलब्ध कराने तथा लंबित सभी शेड निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। 

उन्होंने कहा कि आजीविका गतिविधियाँ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं, इसलिए इनमें गुणवत्ता और समयबद्धता दोनों सुनिश्चित की जाए।

  पातालकोट क्षेत्र के आजीविका उत्पादों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कलेक्टर  नारायन ने निर्देश दिए कि स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार किए जा रहे मसाले एवं अन्य उत्पादों का उपयोग जिले के सभी शासकीय विद्यालयों के मध्यान्ह भोजन कार्यक्रम में किया जाए।

साथ ही प्रत्येक विकासखंड के आजीविका मार्ट में इन उत्पादों की सहज उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, जिससे समूहों को स्थायी बाजार मिल सके।

   मध्यान्ह भोजन योजना की समीक्षा के दौरान कलेक्टर  नारायन ने भोजन की गुणवत्ता एवं 

पेयजल की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि बच्चों के स्वास्थ्य से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा, इसलिए खाद्यान्न, भोजन निर्माण प्रक्रिया तथा उपयोग में लाए जाने वाले पानी की नियमित जांच सुनिश्चित की जाए।

   स्वयं सहायता समूहों द्वारा किए जा रहे कार्यों की सतत निगरानी के निर्देश देते हुए कलेक्टर  नारायन ने कहा कि जिला प्रबंधक द्वारा प्रत्येक सप्ताह क्षेत्र का भ्रमण कर कार्यों की समीक्षा की जाए तथा प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए, जिससे समय रहते कमियों को सुधारा जा सके।

दबंग इंडिया कन्हैया विश्वकर्मा